A Multi Disciplinary Approach To Vaastu Energy

VASTU SHASTRA

वास्तु टिप्स (Vastu Tips in Hindi)

वास्तुशास्त्र हमारे घर की समृद्धि और शांति के लिए बहुत प्रभावकारी होता है। जो लोग वास्तुशास्त्र में विश्वास रखते हैं वे घर के वास्तु से जुड़े नियमों का सख्ती से पालन करते हैं। कुछ लोगों का यह मानना होता है कि वास्तु से किसी प्रकार का कोई प्रभाव नहीं पड़ता। पर हम आपको बता दें कि, वास्तुशास्त्र पूरी तरह से विज्ञान पर आधारित है, विज्ञान पर तो लोगों का विश्वास होना स्वाभाविक ही है।

इसमें दिशाओं के अनुसार घर और घर में रखे सामानों की स्थिति तय की जाती है और कुछ विशेष कामों को करने की एक खास जगह होती है। प्राचीन समय से ही हर संस्कृति में हर कामों के लिए कुछ निश्चित जगह का चुनाव किया जाता है, जैसे खाना पकाने के लिए एक जगह तय की जाती है। नहाने के लिए स्नानागार या जिसे हम आज बाथरूम कहते हैं, अलग स्थान में होता है। पूजा स्थल का अपना अलग स्थान रखा जाता है। इसी प्रकार कुछ कामों और घर में प्रयोग की जाने वाली सामग्रियों की भी एक निश्चित की हुई जगह होती है। इसमें चीजों और दिशाओं का विशेष महत्व होता है जो घर और परिवार के लोगों पर सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह करता है।

वास्तु एक विज्ञान भी है और एक कला भी। अथर्व वेद से जुड़ी स्थापत्य वेद मे इस का मूल है। वास्तु याने रहने की जगह और इस वास्तु शास्त्र (vastu shastra) मे है नियम जो दिशाओ से जुड़ी है और पाँच तत्वो से भी। मनुष्य के भीतर वही तत्त्व है जो बाहर है और अगर वो अपना घर और रहने और जीने का ढंग अगर दिशा और तत्वो से संरेखित करे तो घर मे, कुटुम्ब मे और खुद मे शांति और सुख होगा।

आज के हालत मे यह तो मुमकिन नहीं है की हर कोई वास्तु के नियम अनुसार घर बना सके। घर मे कोई ना कोई वास्तु दोष रह जाता है मगर वास्तु मे वास्तु दोष निवारण (vastu dosh nivaran) के लिए वास्तु टिप्स (vastu tips in hindi) भी है जिस से यह दोष का असर कम कर सके। फिलहाल वास्तु शास्त्र टिप्स (vastu shastra tips in hindi) जानिए और यह घर वास्तु टिप्स (vastu tips for home) हो सके वहाँ तक अपनाए। 

  • वास्तु डिरेक्शन्स (Vastu directions) याने वास्तु दिशा का बहुत ध्यान रखे।
  • वास्तु टिप्स फॉर होम (Vastu tips for home in Hindi) के अनुसार से घर के लिए प्लॉट खरीदे तो उससे संबंधित वास्तु का ज्ञान प्राप्त करे। 
  • प्लॉट के लिए (Plot ke liye) दक्षिण-पश्चिम, पश्चिम और पश्चिम दिशा उत्तम है। 
  • प्लॉट मे पश्चिम और दक्षिण के भाग का स्तर ऊँचा हो यह ध्यान मे रखे। 
  • अनार, अशोक, चंपा और चमेली के पौधे उगाए खुल्ले ज़मीन मे। 
  • घर की और उस के अंदर के रचना की बात आई तो वास्तु फॉर होम (vastu for home) के नियम अपनाये। 
  • घर वास्तु टिप्स (Ghar vastu tips) मे सब से महत्व की बात है मुख्य द्वार जो उत्तर- पूर्व, उत्तर या पूर्व दिशा मे हो और द्वार के उपर एक स्वास्तिक का चिन्ह् ज़रूर रखे, ओम के साथ। 
  • लिविंग रूम वास्तु टिप (vastu tip) है की यह घर के अंदर उत्तर, उत्तर-पूर्व या पूर्व दिशा मे हो। 
  • बेडरूम को दक्षिण-पश्चिम, दक्षिण या पश्चिम भाग मे रखे और बेड को उत्तर-दक्षिण दिशा मे रखे ऐसे की सोते समय सर हमेशा दक्षिण की और रहे।
  • शयन कक्ष मे आईना ना रखे और रखे तो बेड से दूरी पर और रात को कपड़े से ढँक दे। यह बेडरूम के लिए वास्तु टिप्स (vastu tip in hindi for house bedroom) अवश्य ध्यान मे रखे| 
  • घर वास्तु टिप्स मे रसोई घर हमेशा दक्षिण-पूर्वी भाग मे हो या तो उत्तर-पश्चिम या पूर्व दिशा मे हो। 
  • रसोई घर मे दवाई ना रखे। 
  • रसोई घर मे गॅस को दक्षिण-पूर्व स्थान जो अग्नि स्थान है वहाँ पर स्थित करे। 
  • रसोई करते समय चेहरा पूर्व की और रखे। 
  • वास्तु शास्त्र अनुसार बाथरूम और टाय्लेट हमेशा उत्तर-पश्चिमी भाग मे रखे या तो पश्चिम या दक्षिण भाग में।
  • कोई वास्तु दोष रह जाए तो वास्तु दोष निवारण के लिए हर साल या हर तीन साल में श्री गणेश पूजा ज़रूर करे।
  • घर मे नमक के क्रिस्टल्स का कटोरा रखे और ताजे नींबू को एक ग्लास पानी मे रखे जो हर हफ्ते या हर रोज बदलते रहे। 
  • घर के लिए वास्तु टिप्स (Vastu shastra for home in hindi) मे जानिए की दक्षिण दिशा मे सीढ़ी रखे, कभी भी उत्तर दिशा मे नहीं। 

  • घरेलू वास्तु टिप्स (Vastu tips in Hindi for house) मे पानी का स्थान बहुत महत्पूर्ण है। 
  • अंडरग्राउंड पानी का टैंक हमेशा उत्तर-पूर्व दिशा मे हो।
  • ओवरहेड टैंक हमेशा पश्चिम या दक्षिण-पश्चिम दिशा मे रखे। 
  • सरल वास्तु शास्त्र (Saral vastu shastra) के अनुसार उत्तर दिशा उत्तम है तिजोरी के लिए और बाल्कनी के लिए। 
  • वास्तु टिप्स (Vasthu tips) मे उत्तर-पूर्व दिशा पूजा स्थान है और यहाँ मंदिर स्थापित करे जो दीवार से थोड़ी दूरी पर रखे। 
  • घर वास्तु टिप्स (Vastu shastra for home in hindi) के अनुसार घर के अंदर हर एक कमरे का स्थान है और ऐसे ही घर के हर एक कमरे मे हर एक चीज़ भी सोच समझ कर रखनी चाहिए। 
  • घर मे कचरा और बिना ज़रूरी समान ना रखे और फ़ौरन निकाल दे। 
  • भारी समान हमेशा कमरे के दक्षिण दीवार के साथ सटा के रखे। 
  • कमरे के उत्तर और पूर्वी दीवार हो सके इतनी खाली रखे या हल्के समान रखे।
  • खिड़की और दरवाजे को अड़चन रूप हो ऐसा कोई समान ना सजाए| घर के दक्षिण और पश्चिम दीवारो पर आईना ना रखे। 
  • घर के छत मे बीम हो तो यह वास्तु दोष है। 
  • बीम के वास्तु दोष निवारण (vastu dosh nivaran) के लिए कभी भी बीम के नीचे बेड ना रखे और बीम को ढक दे फॉल्स सीलिंग से और बैम्बू के पोल बीम के आजू बाजू खड़े  कर दे। 
  • इंडियन वास्तु शास्त्र (Indian vastu shastra) के अनुसार लिविंग रूम और बेडरूम सही दिशा मे स्थापित ना कर सके तो हर रोज इन कमरो मे ताजे फूलो का गुलदस्ता रखे तो दोष निवारण होगा। 
  • वास्तु शास्त्र होम फर्नीचर (Vastu shastra home furniture) के लिए यह है की हमेशा साल, शीशम या साग के लकड़ी से बनाए। 
  • वास्तु शास्त्र के टोटके (Home vastu tips in Hindi) मे यह भी जानिए की हो सके तो हर एक कमरे का दरवाजा पूर्व की और हो। 
  • आदर्श वास्तु हाउस (vastu house) भले ना हो पर घर मे काम करे या पढ़ाई तो चेहरा हमेशा पूर्व या उत्तर की और रखे। 

ऐसे तो और भी अनगिनत वास्तु टिप्स इन हिन्दी फॉर हाउस है जो वास्तु टिप्स इन हिन्दी मे आप पढ़ सकेंगे मगर यह नीव के वास्तु टिप्स फॉर होम भी ध्यान मे रखे और अमल करे तो काफ़ी फायदा होगा। आप इन छोटी सी बातों पर ध्यान दे कर और घर में छोटे छोटे बदलाव करके ईश्वर की कृपा से सुखमय, आनंदमय एवं मंगलमय जीवन व्यतीत कर सकते हैं।

Er. Rameshwar Prasad invites you to the Wonderful World of Vastu Shastra

Engineer Rameshwar Prasad

(B.Tech., M.Tech., P.G.D.C.A., P.G.D.M.)

Vaastu International

Style Switcher

Predifined Colors


Layout Mode

Patterns